ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश को हराया: कोनोली की 149 रन की पारी से बची साख
मीरपुर में आखिरी ओवर तक सांसें अटकी रहीं। ऑस्ट्रेलिया जीत के बेहद करीब था, फिर अचानक विकेटों की झड़ी लगी और बांग्लादेश के गेंदबाजों ने मैच को पूरी तरह खोल दिया। आखिर में एडम जाम्पा के चौके ने ऑस्ट्रेलिया को तीसरे वनडे में एक विकेट से जीत दिलाई। बांग्लादेश ने फिर भी तीन मैचों की सीरीज 2-1 से अपने नाम की, जो ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उसकी पहली वनडे सीरीज जीत रही।

मैच कैसे पलटा
ढाका में खेले गए तीसरे वनडे में बांग्लादेश ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी की और 50 ओवर में पांच विकेट पर 274 रन बनाए। शुरुआत आसान नहीं थी। टीम ने 62 रन तक तीन विकेट गंवा दिए थे, लेकिन तौहीद हृदोय, लिटन दास और मोसाद्देक हुसैन ने पारी को संभाला।
हृदोय ने 88 गेंदों पर 83 रन बनाए। लिटन दास ने नाबाद 58 रन जोड़े और मोसाद्देक हुसैन ने 43 गेंदों पर नाबाद 56 रन की तेज पारी खेली। हृदोय और मोसाद्देक के बीच 90 रन की साझेदारी ने बांग्लादेश को ऐसे स्कोर तक पहुंचाया, जहां से मैच में दबाव बनाया जा सकता था।
275 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए ऑस्ट्रेलिया को जोश इंग्लिस ने 12 गेंदों पर 21 रन बनाकर तेज शुरुआत दी। शोरिफुल इस्लाम ने एक ही ओवर में इंग्लिस और मैट रेनशॉ को आउट किया। एलेक्स कैरी भी जल्दी लौटे, लेकिन कूपर कोनोली ने एक छोर से पारी को थाम लिया।
कोनोली ने मार्नस लाबुशेन के साथ 64 रन और कैमरन ग्रीन के साथ साझेदारी कर ऑस्ट्रेलिया को जीत के करीब पहुंचाया। उन्होंने 87 गेंदों में अपना पहला वनडे शतक पूरा किया और 134 गेंदों पर 149 रन बनाए। उनकी पारी में 13 चौके और छह छक्के शामिल रहे।
गहराई से समझें
यह मैच केवल ऑस्ट्रेलिया की एक विकेट की जीत नहीं था। सीरीज पहले ही बांग्लादेश के नाम जा चुकी थी, इसलिए तीसरा वनडे ऑस्ट्रेलिया के लिए साख बचाने का मौका था। शुरुआती दो मैच हारने के बाद 3-0 की हार से बचना उसके लिए मनोवैज्ञानिक राहत थी।
बांग्लादेश के लिए कहानी और बड़ी रही। दूसरे वनडे की जीत के साथ उसने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपनी पहली वनडे सीरीज जीत पक्की कर ली थी। इससे पहले दोनों टीमों के बीच खेली गई चारों वनडे सीरीज ऑस्ट्रेलिया ने 3-0 से जीती थीं। इस बार बांग्लादेश ने पहले मैच में 86 रन से और दूसरे मैच में पांच विकेट से जीत दर्ज की।

भारत के दर्शकों के लिए इस नतीजे का असर क्रिकेट की बड़ी तस्वीर में दिखता है। एशियाई टीमों का घरेलू परिस्थितियों में मजबूत होना अब सिर्फ इक्का-दुक्का जीत की कहानी नहीं रह गया। बांग्लादेश ने स्पिन, सीम और मध्यक्रम की बल्लेबाजी से ऑस्ट्रेलिया जैसी टीम को लगातार दबाव में रखा।
लोग क्या कह रहे हैं
मैच के बाद सबसे ज्यादा चर्चा कोनोली की बल्लेबाजी के साथ उनके खेल भावना वाले कदम की हुई। सीरीज में सर्वाधिक रन बनाने पर उन्हें एक मोटरसाइकिल मिली, लेकिन उन्होंने उसे बांग्लादेश के कप्तान लिटन दास को उपहार में दे दिया। स्रोत सामग्री के अनुसार, तीसरे वनडे के दौरान लिटन दास को क्रैंप की समस्या हुई थी और चलने-फिरने में परेशानी हो रही थी।
कोनोली ने तीन पारियों में 184 रन बनाए और 61.33 की औसत से सीरीज के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बने। उनके इस फैसले ने मैच की कड़वाहट के बजाय सम्मान की कहानी को आगे रखा। क्रिकेट में ऐसी घटनाएं स्कोरबोर्ड से आगे जाती हैं, क्योंकि वे खिलाड़ियों के बीच रिश्ते और मैदान की संस्कृति दिखाती हैं।
शोरिफुल इस्लाम की गेंदबाजी भी उतनी ही बड़ी कहानी थी। उन्होंने 48 रन देकर छह विकेट लिए, जो उनका करियर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन बताया गया। जब ऑस्ट्रेलिया को 30 गेंदों पर सिर्फ नौ रन चाहिए थे, तब उनके स्पेल ने मैच को लगभग बांग्लादेश की तरफ मोड़ दिया।
बड़ी तस्वीर में इसका मतलब
ऑस्ट्रेलिया का स्कोर एक समय 266 पर पांच विकेट था। वहां से टीम 271 पर नौ विकेट तक गिर गई। यह गिरावट बताती है कि लक्ष्य छोटा हो या बड़ा, दबाव के आखिरी ओवरों में विकेट हाथ में होना ही काफी नहीं होता। शोरिफुल और मुस्तफिजुर रहमान ने वही दबाव बनाया, जिसने ऑस्ट्रेलिया को आखिरी विकेट तक पहुंचा दिया।

149 रन पर आउट होने के कारण कोनोली का नाम एक दुर्लभ सूची में भी जुड़ा। स्रोत के अनुसार, वह वनडे इतिहास में 149 पर आउट होने वाले पांचवें खिलाड़ी और तीसरे ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज बने। इस सूची में विव रिचर्ड्स, एडम गिलक्रिस्ट, एबी डी विलियर्स और स्टीव स्मिथ के नाम भी दिए गए हैं।
बांग्लादेश के लिए यह सीरीज भविष्य की दिशा तय कर सकती है। स्रोतों में 2027 वनडे विश्व कप क्वालिफिकेशन की दौड़ का भी संदर्भ है, जहां शीर्ष नौ टीमों को सीधे जगह मिलेगी। ऐसे में ऑस्ट्रेलिया पर सीरीज जीत बांग्लादेश के आत्मविश्वास और रैंकिंग की चर्चा दोनों को मजबूती देती है।
आगे क्या होगा
सीरीज का अंतिम स्कोर बांग्लादेश के पक्ष में 2-1 रहा। ऑस्ट्रेलिया ने आखिरी मैच जीतकर क्लीन स्वीप से बचाव किया, लेकिन पूरी श्रृंखला बांग्लादेश की ऐतिहासिक उपलब्धि के नाम रही।
ऑस्ट्रेलिया के लिए कोनोली की पारी भविष्य का संकेत बनकर आई है। बांग्लादेश के लिए शोरिफुल इस्लाम, तौहीद हृदोय, लिटन दास और मोसाद्देक हुसैन की भूमिकाएं इस सीरीज की रीढ़ रहीं। अब दोनों टीमों के लिए अगली चुनौती यही होगी कि इस प्रदर्शन को अलग परिस्थितियों में कैसे दोहराया जाए।
सामान्य सवाल
ऑस्ट्रेलिया ने तीसरा वनडे कितने विकेट से जीता?
ऑस्ट्रेलिया ने तीसरे वनडे में बांग्लादेश को एक विकेट से हराया। टीम ने 275 रन का लक्ष्य 49.3 ओवर में नौ विकेट खोकर हासिल किया।
कूपर कोनोली ने कितने रन बनाए?
कूपर कोनोली ने 134 गेंदों पर 149 रन बनाए। यह उनके वनडे करियर का पहला शतक था और पारी में 13 चौके तथा छह छक्के शामिल थे।
बांग्लादेश ने सीरीज किस अंतर से जीती?
बांग्लादेश ने तीन मैचों की वनडे सीरीज 2-1 से जीती। उसने पहले दो मैच जीते, जबकि तीसरा मैच ऑस्ट्रेलिया ने अपने नाम किया।
शोरिफुल इस्लाम का प्रदर्शन कैसा रहा?
शोरिफुल इस्लाम ने 48 रन देकर छह विकेट लिए। उनके आखिरी स्पेल ने ऑस्ट्रेलिया को 266/5 से 271/9 तक पहुंचाकर मैच को बेहद रोमांचक बना दिया।
कोनोली ने पुरस्कार में मिली बाइक क्यों दे दी?
स्रोतों के अनुसार, कोनोली को सीरीज में सर्वाधिक रन बनाने पर बाइक मिली थी। उन्होंने तीसरे वनडे में क्रैंप से जूझ रहे बांग्लादेश कप्तान लिटन दास को वह बाइक उपहार में दे दी।
संसाधन
इस लेख में उद्धृत स्रोत और संदर्भ।
