सोना ₹1.64 लाख के पार: कीमत बढ़ने की 5 बड़ी वजहें
सर्राफा बाजार में सोमवार को सोने की चमक फिर तेज हुई और नई दिल्ली में 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाला सोना ₹1,64,400 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया। 24 अगस्त को अलग-अलग बाजारों और शहरों में भाव ₹1.62 लाख से ₹1.64 लाख के बीच दर्ज हुए, क्योंकि थोक, वायदा और खुदरा दरों की गणना अलग होती है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोना मई के बाद के ऊंचे स्तर पर पहुंचा। कमजोर डॉलर, घटती अमेरिकी बॉन्ड यील्ड, चीन की खरीद और अमेरिका-ईरान तनाव ने इस तेजी को एक साथ सहारा दिया।

अभी सोने की कीमत चर्चा में क्यों है
सोने ने कुछ ही दिनों में तेज छलांग लगाई है। 24 अगस्त की खुदरा कीमतों के अनुसार 24 कैरेट सोना ₹1,63,380 प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट सोना ₹1,49,660 प्रति 10 ग्राम बताया गया। इसी रिपोर्ट में एक सप्ताह में करीब ₹8,000 की बढ़त दर्ज की गई।
अखिल भारतीय सर्राफा संघ के आंकड़ों में नई दिल्ली का 99.9 प्रतिशत शुद्ध सोना ₹900 बढ़कर ₹1,64,400 प्रति 10 ग्राम पहुंचा। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भाव लगभग 4,733.90 डॉलर प्रति औंस तक दर्ज हुआ, यानी घरेलू तेजी के पीछे वैश्विक बाजार का दबाव भी साफ दिख रहा है।
क्या हुआ
24 अगस्त को कई बाजारों में सोना चढ़ा, जबकि चांदी के आंकड़ों में बाजार के अनुसार अलग रुख दिखा। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोने का वायदा भाव ₹1,62,438 से बढ़कर ₹1,63,116 प्रति 10 ग्राम हुआ। वहीं इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन के आंकड़ों के अनुसार 24 कैरेट सोना ₹1,534 बढ़कर करीब ₹1.62 लाख प्रति 10 ग्राम पहुंचा।

अगस्त की तेजी और भी बड़ी है। वायदा बाजार के आंकड़ों के अनुसार 31 जुलाई का भाव ₹1,43,376 था, जबकि 24 अगस्त को शुरुआती भाव ₹1,63,116 रहा। यानी महीने के भीतर करीब ₹19,740 प्रति 10 ग्राम की बढ़त।
अब तक क्या पक्का है
तेजी के पीछे एक कारण डॉलर की कमजोरी और अमेरिकी दीर्घकालिक बॉन्ड की यील्ड में नरमी है। कम यील्ड के समय बिना ब्याज देने वाला सोना तुलनात्मक रूप से अधिक आकर्षक हो सकता है। अमेरिकी ट्रेजरी की लंबी अवधि के बॉन्ड वापस खरीदने की योजना ने भी बाजार में सरकारी उधारी लागत और डॉलर की दिशा को लेकर नई हलचल पैदा की।
दूसरा बड़ा कारण चीन की खरीद है। चीन की सोना खरीद पर रिपोर्ट के मुताबिक जून में लंदन के सीधे सौदा बाजार के जरिए 40 टन से अधिक सोना खरीदा गया, जबकि आधिकारिक आंकड़ा 15 टन था। मई में करीब 48 टन खरीद बताई गई। जुलाई में केंद्रीय बैंक की आधिकारिक खरीद 20 टन से अधिक रही और कुल भंडार रिकॉर्ड 2,366 टन पहुंच गया।

यह आपके लिए क्यों मायने रखता है
भारत में आभूषण खरीदने वालों के लिए बाजार भाव अंतिम बिल नहीं होता। उदाहरण के लिए दिल्ली में 22 कैरेट सोने की आधार कीमत ₹15,045 प्रति ग्राम बताई गई, लेकिन 10 ग्राम पर मेकिंग शुल्क और कर जोड़ने के बाद कुल रकम ₹1,73,559 तक पहुंचने का उदाहरण दिया गया। इसलिए दुकान की अंतिम कीमत स्क्रीन पर दिखने वाले सोने के भाव से अधिक हो सकती है।
खरीदारी करते समय प्रमाणित हॉलमार्क देखना, उसी दिन का भाव अलग स्रोतों से मिलाना और मेकिंग शुल्क का अलग विवरण मांगना सीधे लागत कम करने में मदद कर सकता है। तेजी के दौर में छोटे अंतर भी 10 ग्राम या उससे अधिक की खरीद पर बड़ी रकम बन जाते हैं।
आगे क्या हो सकता है
बाजार की अगली दिशा अमेरिका के जुलाई के महंगाई आंकड़ों और फेडरल रिजर्व से मिलने वाले ब्याज दर संकेतों पर निर्भर करेगी। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार जुलाई का व्यक्तिगत उपभोग व्यय महंगाई आंकड़ा 26 अगस्त को आने वाला है। अमेरिका-ईरान तनाव और संभावित प्रतिबंधों की दिशा भी सोने और कच्चे तेल दोनों को प्रभावित कर सकती है।
एक अन्य अनुमान में कोटक सिक्योरिटीज के अनिंद्य बनर्जी ने मौजूदा परिस्थितियों के आधार पर साल के अंत तक सोना ₹1.70 लाख प्रति 10 ग्राम तक पहुंचने की संभावना बताई है। यह अनुमान है, तय भाव नहीं; अगले आर्थिक और भू-राजनीतिक संकेत कीमत की दिशा बदल सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
24 अगस्त को 24 कैरेट सोने का भाव कितना था?
अलग बाजारों में अलग आंकड़े रहे। नई दिल्ली के सर्राफा आंकड़ों में 99.9 प्रतिशत शुद्ध सोना ₹1,64,400 प्रति 10 ग्राम और एक खुदरा दर में ₹1,63,380 प्रति 10 ग्राम बताया गया।
सोना इतनी तेजी से क्यों बढ़ रहा है?
कमजोर डॉलर, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट, सुरक्षित निवेश की मांग, चीन की बड़ी खरीद और अमेरिका-ईरान तनाव प्रमुख कारण हैं।
अगस्त में सोना कितना महंगा हुआ?
वायदा बाजार में 31 जुलाई के ₹1,43,376 से 24 अगस्त के शुरुआती ₹1,63,116 की तुलना पर करीब ₹19,740 प्रति 10 ग्राम की बढ़त दर्ज होती है।
सोने की अगली बड़ी तारीख कौन सी है?
उपलब्ध स्रोतों के अनुसार अमेरिका का जुलाई व्यक्तिगत उपभोग व्यय महंगाई आंकड़ा 26 अगस्त को जारी होना है, जिस पर बाजार की नजर है।
गहना खरीदते समय किन बातों की जांच करें?
प्रमाणित हॉलमार्क देखें, खरीद के दिन का सोने का भाव मिलाएं और मेकिंग शुल्क तथा कर का अलग विवरण मांगें।
संसाधन
इस लेख में उद्धृत स्रोत और संदर्भ।
