दिल्ली-NCR में बदला मौसम का मिजाज — तेज हवाओं और हल्की बारिश से मिली राहत

दिल्ली-एनसीआर में धूल भरी आंधी और हल्की बारिश से तापमान में गिरावट आई है। मौसम विभाग ने आंधी और गरज-चमक का अलर्ट जारी करते हुए सतर्क रहने की सलाह दी है।

दिल्ली मौसम बारिश: दिल्ली-NCR में तेज आंधी और बारिश का अलर्ट
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दिल्ली-NCR में बदला मौसम का मिजाज — तेज हवाओं और हल्की बारिश से मिली राहत

भीषण गर्मी की मार झेल रहे दिल्ली-एनसीआर के आसमान में अचानक काले बादलों का डेरा जमा और धूल भरी आंधियों के साथ ठंडी हवाएं चलने लगीं। इसके तुरंत बाद कई इलाकों में तेज बौछारों ने मौसम का रुख पूरी तरह बदल दिया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राष्ट्रीय राजधानी के लिए अलर्ट जारी किया है, जिसके तहत दोपहर और शाम के वक्त गरज-चमक के साथ हल्की बारिश और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज सतही हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है।

दिल्ली में बारिश और बादल
दिल्ली-NCR में मौसम ने ली करवट — AajTak

मौसम ने बदली करवट

उत्तर-पश्चिम भारत में पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता और हवा में बढ़ती अस्थिरता के कारण दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद के इलाकों में धूल भरी आंधी और गरज-चमक की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग के मुताबिक, आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और कुछ संवेदनशील इलाकों में 30 से 45 मिनट तक तेज बौछारें पड़ सकती हैं। इस अचानक आए बदलाव से दिल्ली का अधिकतम तापमान 38°C से 39°C के आसपास सिमटने की उम्मीद है, जो पिछले दिनों के मुकाबले काफी कम है। पालम, लोधी रोड और रिज क्षेत्र जैसे अलग-अलग केंद्रों पर न्यूनतम तापमान सामान्य से 0.5°C से 3.4°C तक कम रिकॉर्ड किया गया है, जिससे उमस भरी गर्मी से बड़ी राहत मिली है।

क्यों बदला हवाओं का रुख

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में नमी भरी हवाओं के आगमन और वायुमंडलीय अस्थिरता के कारण घने बादलों का निर्माण तेजी से हो रहा है। गर्म हवाएं ऊपर उठकर नमी के साथ मिल रही हैं, जिससे अचानक गरज-चमक और आंधी की स्थिति पैदा हो रही है। इस बारिश और तेज हवाओं का सीधा सकारात्मक असर दिल्ली की हवा पर भी दिखा है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 126 दर्ज किया गया है, जो 'मध्यम' श्रेणी में आता है। बारिश की वजह से हवा में मौजूद धूल और प्रदूषण के कण जमीन पर बैठ रहे हैं, जिससे वातावरण साफ हो रहा है।

तेज आंधी और बारिश का अलर्ट
देश के कई राज्यों में आंधी-तूफान की चेतावनी — Navbharat Times

क्या हैं प्रशासनिक और सुरक्षा निर्देश

मौसम विभाग ने पीक आवर्स के दौरान दफ्तरों से घर लौट रहे लोगों और वाहन चालकों के लिए विशेष एडवायजरी जारी की है। तेज आंधी के कारण सड़कों पर दृश्यता कम होने और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनने से दिल्ली से नोएडा, गुरुग्राम और गाजियाबाद को जोड़ने वाले मुख्य मार्गों पर ट्रैफिक प्रभावित होने की आशंका है। इसके साथ ही, मौसम विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे गरज-चमक और आंधी के दौरान पेड़ों, बिजली के खंभों या कमजोर ढोंचों के नीचे खड़े होने से बचें ताकि किसी भी प्रकार की दुर्घटना से सुरक्षित रहा जा सके।

मानसून की चाल और देश का हाल

दिल्ली में मौजूदा मौसम भले ही पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसमी प्रणालियों के कारण बदला हो, लेकिन देश के अन्य हिस्सों में दक्षिण-पश्चिम मानसून की प्रगति जारी है। वर्तमान में मानसून की उत्तरी सीमा (NLM) सोलापुर, हैदराबाद, रांची, जमुई और मुजफ्फरपुर से होकर गुजर रही है। मौसम विभाग का अनुमान है कि 23 जून तक मानसून महाराष्ट्र, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड, बिहार और छत्तीसगढ़ के कुछ और हिस्सों में आगे बढ़ सकता है। हालांकि, देश में इस बार शुरुआती मानसूनी बारिश में सामान्य से 38% की कमी दर्ज की गई है क्योंकि अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में कोई मजबूत मौसमी सिस्टम नहीं बना है। दिल्ली में मानसून के 27 जून तक दस्तक देने की संभावना जताई गई है।

मानसून और बारिश का पूर्वानुमान
विभिन्न राज्यों में मौसम का बदलता स्वरूप — Live Hindustan

आने वाले दिनों का पूर्वानुमान

मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में अगले कुछ दिनों (21 और 22 जून) तक आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने और हल्की आंधी चलने का सिलसिला जारी रहेगा। इस दौरान अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे ही बने रहने की उम्मीद है, जिससे उमस और लू से राहत मिलती रहेगी। हालांकि, उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में 24 जून तक हीटवेव (लू) की स्थिति बनी रहने का अनुमान है, जबकि बिहार में 23 जून से मानसून का असर दिखने के साथ झमाझम बारिश शुरू होने की संभावना जताई गई है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

दिल्ली में हल्की बारिश और आंधी का मुख्य कारण क्या है?

दिल्ली और आसपास के इलाकों में यह बदलाव उत्तर-पश्चिम भारत में नमी से भरी हवाओं के आगमन, वायुमंडलीय अस्थिरता और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के कारण आया है, जिससे घने बादलों का निर्माण हो रहा है।

आंधी के दौरान हवा की रफ्तार कितनी रहने की संभावना है?

मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में आंधी और गरज-चमक के दौरान हवा की रफ्तार 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे के बीच रह सकती है।

दिल्ली में मानसून कब तक दस्तक देगा?

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मौजूदा ट्रैकर के अनुसार, दिल्ली में मानसून के 27 जून तक पहुंचने की संभावना है।

इस मौसमी बदलाव से तापमान और वायु गुणवत्ता पर क्या असर पड़ा है?

इस बारिश और आंधी से अधिकतम तापमान गिरकर 38°C से 39°C के बीच आ गया है। वहीं, धूल के कण साफ होने से वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 126 दर्ज किया गया है, जो 'मध्यम' श्रेणी में आता है।

सड़क पर यात्रा करने वाले लोगों के लिए क्या निर्देश हैं?

निचले इलाकों में जलभराव और तेज हवाओं के कारण ट्रैफिक जाम की स्थिति बन सकती है, इसलिए पीक ऑवर्स में यात्रा करते समय सतर्क रहने और आंधी के दौरान पेड़ों या कमजोर इमारतों के नीचे न रुकने की सलाह दी गई है।

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लेखक

Sandy Nageeb

वरिष्ठ संपादक

प्रौद्योगिकी, विज्ञान और स्वास्थ्य को कवर करने वाले अनुभवी लेखक और संपादक।

यह लेख AI-सहायता प्राप्त संपादकीय टूल की मदद से तैयार किया गया और प्रकाशन से पहले Trend Digest के संपादकीय मानकों के तहत समीक्षा की गई।

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